सिकटा (पश्चिम चंपारण) भीषण सड़क हादसा: दो बाइकों की टक्कर में उजड़ गए कई परिवार, तीन की मौत

सिकटा (बिहार): पश्चिम चंपारण के सिकटा थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। गुरुवार की शाम अठ्ठाइसलाखा पुल के समीप सैनिक सड़क पर दो मोटरसाइकिलों के बीच हुई आमने-सामने की भीषण टक्कर ने तीन जिंदगियां छीन ली हैं। इस हादसे ने न केवल परिवारों को उजाड़ दिया है, बल्कि पूरे इलाके में मातम पसरा दिया है।
कैसे हुआ यह दर्दनाक हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों और प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना उस समय हुई जब कंगली थाना के गाद गम्हरिया निवासी फैयाज मियां (60 वर्ष) अपने पुत्र नेयाज मियां उर्फ मिठू (30 वर्ष) के साथ बाइक से अपने घर लौट रहे थे। जैसे ही उनकी बाइक अठ्ठाइसलाखा पुल के पास पहुंची, सामने से आ रही एक तेज रफ्तार बाइक से उनकी सीधी टक्कर हो गई।
सामने वाली बाइक पर नेपाल के भिस्वा निवासी अरमान मियां (25 वर्ष) और कमरुल (40 वर्ष) सवार थे। बताया जा रहा है कि नेपाल निवासी युवकों की बाइक रॉन्ग साइड (गलत दिशा) से आ रही थी, जिसके कारण यह जबरदस्त भिड़ंत हुई। टक्कर इतनी भयानक थी कि दोनों बाइकों के परखचे उड़ गए और सड़क पर चारों ओर खून ही खून फैल गया।
मदद के लिए दौड़ी पुलिस और स्थानीय लोग
हादसे की सूचना मिलते ही 112 पुलिस टीम और सिकटा थानाध्यक्ष नीतीश कुमार मौर्य दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से चारों घायलों को तुरंत एम्बुलेंस के जरिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) पहुँचाया।
वहां मौजूद डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद घायलों की नाजुक स्थिति को देखते हुए उन्हें तुरंत बेतिया जीएमसीएच (GMCH) रेफर कर दिया। लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था।
इलाज के दौरान तीन ने तोड़ा दम
बेतिया जीएमसीएच में इलाज के दौरान तीन लोगों की मौत हो गई:
1. फैयाज उर्फ घोघ मियां (60 वर्ष) – गाद गम्हरिया निवासी।
2. नेयाज उर्फ मिट्ठू मियां (30 वर्ष) – फैयाज मियां के पुत्र।
3. अरमान मियां (25 वर्ष) – नेपाल के परसा भिस्वा निवासी।
वहीं, चौथे घायल कमरुल (40 वर्ष) की स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए आगे रेफर किया गया है।
“सब कुछ खत्म हो गया” – बिलखती मां और पत्नी की दास्तां
मृतक फैयाज मियां की पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने बताया कि उनका परिवार बैंक के काम और बाजार करने के लिए सिकटा आया था। काम खत्म होने के बाद पिता-पुत्र बाइक से पहले निकल गए, जबकि वह खुद गांव के अन्य लोगों के साथ ऑटो से पीछे आ रही थीं। रास्ते में जब उन्हें इस हादसे की खबर मिली, तो उनके पैरों तले जमीन खिसक गई।
बिखरे हुए शब्दों में उन्होंने कहा, “मेरे पति और जवान बेटे की मौत के साथ मेरा पूरा संसार उजड़ गया है।” घर में मचे चीत्कार को देख हर किसी की आंखें नम हैं।
सड़क सुरक्षा: एक अपील
यह हादसा हमें एक बार फिर सोचने पर मजबूर करता है कि सड़क पर एक छोटी सी लापरवाही कितनी महंगी पड़ सकती है।
रॉन्ग साइड ड्राइविंग: हमेशा अपनी लेन में चलें। आपकी एक गलती सामने वाले की जान ले सकती है।
रफ्तार पर नियंत्रण: तेज रफ्तार रोमांच नहीं, बल्कि मौत का पैगाम लाती है।
हेलमेट का प्रयोग: अक्सर ऐसे हादसों में सिर की चोट जानलेवा साबित होती है। कृपया हेलमेट जरूर पहनें।




